
बोले मंत्री—विजयादशमी केवल पर्व नहीं, बल्कि सत्य, धर्म और सदाचार की विजय का प्रतीक; भगवान श्रीराम के आदर्शों को जीवन में अपनाने का किया आह्वान
कोरबा, 21 अक्टूबर 2026। विजयादशमी के पावन अवसर पर छत्तीसगढ़ शासन के उद्योग मंत्री एवं कोरबा विधायक श्री लखन लाल देवांगन शहर के विभिन्न प्रमुख दशहरा उत्सवों में शामिल हुए। उन्होंने भगवान श्रीराम के आदर्शों का स्मरण करते हुए अधर्म पर धर्म, असत्य पर सत्य और बुराई पर अच्छाई की विजय का संदेश दिया। इस दौरान उन्होंने नागरिकों को विजयादशमी की शुभकामनाएं देते हुए सुख, शांति, समृद्धि और खुशहाली की कामना की। साथ ही, शहर के चार प्रमुख दशहरा एवं दुर्गा पूजा उत्सव समितियों को एक-एक लाख रुपये की सहयोग राशि देने की घोषणा की।

शहर के प्रमुख दशहरा उत्सवों में की सहभागिता
उद्योग मंत्री श्री लखन लाल देवांगन ने विजयादशमी के अवसर पर सबसे पहले एचटीपीपी दर्री के लाल मैदान में आयोजित विशाल दशहरा उत्सव में सहभागिता की। इसके पश्चात वे दर्री मेन रोड स्थित दुर्गा पूजा एवं दशहरा उत्सव में पहुंचे। उन्होंने बुधवारी बस्ती, मुड़ापार बाजार और राजेंद्र प्रसाद नगर फेस-1, निहारिका में आयोजित दशहरा उत्सवों में भी शामिल होकर नागरिकों से मुलाकात की और पर्व की बधाई दी।

विभिन्न आयोजन स्थलों पर उपस्थित श्रद्धालुओं एवं नागरिकों को संबोधित करते हुए मंत्री ने कहा कि दशहरा भारतीय संस्कृति और परंपरा का महत्वपूर्ण पर्व है। यह हमें जीवन में सत्य, न्याय, नैतिकता और सदाचार के मार्ग पर चलने की प्रेरणा देता है। उन्होंने नागरिकों से आपसी प्रेम, भाईचारे और सामाजिक सद्भाव के साथ त्योहार मनाने की अपील की।
चार उत्सव समितियों को एक-एक लाख रुपये देने की घोषणा
दशहरा उत्सवों में सहभागिता के दौरान मंत्री श्री देवांगन ने धार्मिक एवं सांस्कृतिक आयोजनों को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से चार समितियों को सहयोग राशि देने की घोषणा की। इनमें दर्री मेन रोड दुर्गा पूजा समिति, बुधवारी दशहरा उत्सव समिति, मुड़ापार दशहरा उत्सव समिति और राजेंद्र प्रसाद नगर फेस-1 की समिति शामिल हैं। प्रत्येक समिति को एक-एक लाख रुपये की सहयोग राशि देने की घोषणा की गई। इस प्रकार कुल चार लाख रुपये की सहायता की घोषणा की गई।

भगवान श्रीराम का जीवन कर्तव्य और मर्यादा का अनुपम उदाहरण
अपने उद्बोधन में मंत्री श्री देवांगन ने कहा कि विजयादशमी केवल भगवान श्रीराम की रावण पर विजय का पर्व नहीं है, बल्कि यह सत्य, धर्म, न्याय और सदाचार की शक्ति का प्रतीक है। यह पर्व हमें सिखाता है कि जीवन में परिस्थितियां कितनी भी कठिन क्यों न हों, सत्य और धर्म के मार्ग पर चलने वालों की अंततः विजय होती है।

उन्होंने कहा कि भगवान श्रीराम का जीवन मर्यादा, त्याग, कर्तव्यनिष्ठा और जनकल्याण का अनुपम उदाहरण है। उनके आदर्श आज भी प्रत्येक व्यक्ति को परिवार, समाज और राष्ट्र के प्रति अपने दायित्वों का ईमानदारी से निर्वहन करने की प्रेरणा देते हैं।

मंत्री ने कहा कि विजयादशमी हमें अपने भीतर मौजूद अहंकार, क्रोध, द्वेष और नकारात्मक विचारों जैसी बुराइयों को त्यागकर अच्छाई, सदाचार और सकारात्मकता अपनाने का संकल्प लेने का संदेश देती है। यदि प्रत्येक व्यक्ति अपने जीवन में भगवान श्रीराम के आदर्शों को आत्मसात करे, तो एक सशक्त, संस्कारवान और समृद्ध समाज का निर्माण संभव है।
सांस्कृतिक आयोजन सामाजिक एकता के मजबूत आधार
मंत्री श्री देवांगन ने कहा कि भारत के त्योहार हमारी समृद्ध सांस्कृतिक विरासत, धार्मिक परंपराओं और सामाजिक एकता के प्रतीक हैं। दशहरा जैसे सार्वजनिक आयोजन समाज के सभी वर्गों को एक मंच पर लाते हैं। इन आयोजनों से नई पीढ़ी को अपनी संस्कृति और परंपराओं से जुड़ने का अवसर मिलता है तथा समाज में आपसी सद्भाव और भाईचारे की भावना मजबूत होती है।

उन्होंने समस्त कोरबा वासियों के सुख, शांति, समृद्धि और उत्तम स्वास्थ्य की कामना करते हुए सभी से भगवान श्रीराम के आदर्शों पर चलने तथा समाज और राष्ट्र के विकास में अपना योगदान देने का आह्वान किया।
जनप्रतिनिधियों और समिति पदाधिकारियों की रही उपस्थिति
विभिन्न दशहरा उत्सवों में आयोजित कार्यक्रमों के दौरान एमआईसी सदस्य श्री नरेंद्र देवांगन, पार्षद श्रीमती प्रीति शर्मा, श्री प्रफुल्ल तिवारी, श्री मनोज लहरे, श्री वैभव शर्मा, एल्डरमैन श्री ईश्वर साहू, श्री सरोज शांडिल्य, श्री मुकुंद कंवर, श्री किशोर साहू और पार्षद श्री पंकज देवांगन सहित अन्य जनप्रतिनिधि तथा विभिन्न उत्सव समितियों के पदाधिकारी उपस्थित रहे।






