
कोरबा। स्वास्थ्य मंत्री श्री जायसवाल ने जिले में स्वास्थ्य सेवाओं की समीक्षा करते हुए दूरस्थ एवं दुर्गम क्षेत्रों में स्वास्थ्य सुविधाओं को मजबूत करने के निर्देश दिए। उन्होंने कोरबी-पसान, लेमरू-श्यांग तथा कोरबी-सिरमिना क्षेत्रों में एम्बुलेंस सुविधा बढ़ाने और पीवीटीजी परिवारों को शत-प्रतिशत स्वास्थ्य सेवाओं से जोड़ने पर जोर दिया।

मंत्री ने शत-प्रतिशत टीकाकरण, नवजात शिशुओं, गर्भवती महिलाओं एवं बच्चों की नियमित निगरानी और आवश्यकता पड़ने पर तत्काल उपचार सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। मलेरिया-डेंगू की रोकथाम के लिए डीडीटी छिड़काव, मच्छरदानी के उपयोग और प्रभावित क्षेत्रों में त्वरित जांच-उपचार पर विशेष ध्यान देने को कहा।

उन्होंने स्वच्छ पेयजल उपलब्ध कराने, डायरिया, पीलिया एवं सर्पदंश के मामलों में समय पर उपचार तथा अस्पतालों की लैब में गुणवत्तापूर्ण जांच सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। स्वास्थ्य संस्थाओं में दवाइयों, उपकरणों और मानव संसाधन की उपलब्धता की भी समीक्षा की।
मंत्री ने सभी स्वास्थ्य संस्थाओं में बायोमेट्रिक उपस्थिति अनिवार्य करने के निर्देश देते हुए कहा कि लापरवाही बरतने वाले कर्मचारियों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने अधिकारियों-कर्मचारियों से संवेदनशीलता और प्रतिबद्धता के साथ कार्य करते हुए मरीजों को समय पर बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने को सर्वोच्च प्राथमिकता देने कहा।







